नम आंखों से वरीय अधिवक्ता मो. जावेद यासीन को सुपुर्द-ए-खाक, जनाजे की नमाज में उमड़ा हजारों का हुजूम

    अररिया (News4Bihar): अररिया मुख्यालय स्थित रहिका टोला के वरीय अधिवक्ता मो. जावेद यासीन के निधन की खबर से पूरा अररिया शोक में डूब गया। शनिवार को उनके पार्थिव शरीर के अंतिम दीदार के लिए रहिका टोला स्थित उनके आवास यासीन मंजिल पर लोगों और रिश्तेदारों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी।

इसके बाद उनके पार्थिव शरीर को अररिया प्रखंड के महिषाकोल गांव ले जाया गया, जहां जनाजे की नमाज अदा की गई। नमाज के बाद गांव के कब्रिस्तान में उन्हें नम आंखों से सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया। जनाजे की नमाज में शहर सहित आसपास के गांवों से आए हजारों लोग शामिल हुए और उन्हें अंतिम विदाई दी।

बताया जाता है कि वरीय अधिवक्ता मो. जावेद यासीन पिछले कुछ दिनों से बीमार चल रहे थे। इलाज के दौरान दिल्ली में उनका इंतकाल हो गया। उनके निधन की खबर से पूरे अररिया जिले में शोक की लहर दौड़ गई।

स्व. जावेद यासीन, कांग्रेस के पूर्व विधायक व वरीय अधिवक्ता स्व. मो. यासीन के सबसे बड़े पुत्र थे। वे अपने सरल स्वभाव, मिलनसार व्यक्तित्व और सामाजिक व्यवहार के कारण इलाके में काफी लोकप्रिय थे। उनके पुत्र फैसल जावेद जिला परिषद प्रतिनिधि हैं।

जनाजे की नमाज में जिला परिषद अध्यक्ष आफताब अज़ीम पप्पू, आवेश यासीन, परवेज आलम, उनके सभी भाई, रिश्तेदार तथा शहर व आसपास के गांवों से आए हजारों लोगों ने शिरकत कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।

वह हैदर यासीन उर्फ बाबा के बड़े भाई थे। उनके निधन से सामाजिक व विधि क्षेत्र में अपूरणीय क्षति हुई है।