Search
Close this search box.

सोनपुर मेले का आकर्षक लुक में देखने के लिए तैयारी हो गई शुरू

 

  • सोनपुर मेले में सरकारी व गैर सरकारी प्रदर्शनी लगाई जाएगी , मेले का उद्घाटन 25 नवंबर को होगा

न्यूज4बिहार)सोनपुर : विश्व प्रसिद्ध हरिहरक्षेत्र सोनपुर मेला की तैयारी युद्ध स्तर पर जोर शोर से शुरु हो गया है । सभी सरकारी एवं गैरसरकारी विभागों की प्रदर्शनियों के स्थल पर युद्ध स्तर पर कार्य करने के लिए मजदूर दिन रात मेहनत कर उद्घाटन के पूर्व तैयारी पूरी करने के लिए लगे हुए हैं । सारण जिले के सोनपुर नगर पंचायत क्षेत्र में लगने वाला यह मेला एशिया के सुप्रसिद्ध पशु मेले के नाम से ख्याति अर्जित कर चुका है । रेलवे प्‍लेटफार्म के लिए भी सोनपुर प्रसिद्ध है जो भारत में लंबाई में अपना विशिष्ट स्थान रखता है। सोनपुर मेला धार्मिक दृष्टि से भी विख्यात है। बाबा हरिहरनाथ मंदिर, श्री गजेन्द्र मोक्ष देवस्थानम दिव्य देश नौलखा मंदिर , सूर्य एवं शनि मंदिर, दक्षिणेश्वरी काली मंदिर और आपरूपी गौरी शंकर मंदिर,बाबा जड़भरत स्थान, मेला पर्यटकों व तीर्थयात्रियों के लिए दर्शनीय स्थल हैं। यह हर साल कार्तिक पूर्णिमा (नवंबर- दिसंबर) में लगता है। इस मेले को हरिहरक्षेत्र मेला के नाम से भी पुकारते है क्योंकि सोनपुर में प्रसिद्ध ऐतिहासिक हरिहरनाथ जी का मन्दिर यहीं पर अवस्थित है। इसे छत्तर मेला के नाम से भी प्रसिद्धि मिली हुई है। मेला अपनी तैयारी के चरम पर पहुंच चुका है। आगामी 25 नवम्बर को मेला उद्घाटन की तिथि तय है। वही उद्घाटन के 2 दिन के बाद कार्तिक पूर्णिमा के दिन राज्य ही नहीं अन्य राज्य की तीर्थ यात्री,सनार्थी पहुंचकर पहलेजा घाट दक्षिण वाहिनी गंगा नदी में स्नान करेंगे वही साधु संत महात्मा भी पहलेजा घाट में पहुंच गए हैं जहां पर गंगा सेवन कर रहे हैं । मेलार्थियों एवं स्नार्थियों को किसी प्रकार की कठिनाई न हो इसके लेकर जिला प्रशासन से लेकर स्थानीय प्रशासन हर गतिविधियों पर लगी हुई है । इतना ही नहीं मेले में मेलार्थियों की सुरक्षा के लिए पुख्ता इंतजाम किया गया है। यह 32 दिनों तक चलने वाली सरकारी स्तर पर मेला जो विगत तीन माह तक चलती है । मेलार्थियों की सुविधा और सुरक्षा की ध्यान 32 दिनों तक खूब रहती है। यहां राज्य के ही नहीं बल्कि अन्य राज्य के व्यापारी पहुंचकर अपने दुकान सजाते हैं और करोड रुपए की समान की खरीद- बिक्री होती है। यहां विदेशी सैलानियों का आगमन होता है जहां उनके ठहरने खाने-पीने एवं घूमने की पुख्ता इंतजाम किया जाता है। मेला की तैयारी अंतिम चरम पर हैं । मेला के मुख्य पंडाल का आकर्षक लुक बनाने के लिए युद्ध स्तर पर दिन रात मजदूर लगे हुए हैं। इस बार मेले में आकर्षण का केंद्र पुस्तक मेला व सरकारी योजनाओं की जानकारी देने के लिए सरकारी स्तर पर प्रदर्शनी लगाई जा रही है। रेलवे विभाग के द्वारा रेल से संबंधित विकास कार्य और होने वाले कार्य की भी जानकारी मेलार्थियों को देने के लिए रेलवे विभाग भी युद्ध स्तर पर कार्य करना शुरू कर दिया है । सोनपुर मेला के विषय में पूछे जाने पर जनप्रतिनिधियों समाजसेवियों बुद्धिजीवियों ने बताया कि मेला का प्रदर्शनी जो सरकारी स्तर पर लगाई जाती है जो समय से उद्घाटन नहीं होती है जिसके कारण लोग लगायी जा रही सरकारी योजनाओं के प्रदर्शनी की जानकारी और मेला का पूर्ण रूप से आनंद लेने में मेलार्थी वंचित हो जाते हैं। मेले के उद्घाटन के एक-दो दिन के अंदर ही सरकारी प्रदर्शनी का उद्घाटन समय से हो तो मेला आकर्षण का केंद्र बनेगा ।

Leave a Comment

What does "money" mean to you?
  • Add your answer